नवप्रवर्तन
केंद्रीय विद्यालय सीयूराज बांदरसिंदरी में शिक्षा को केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित न रखते हुए विद्यार्थियों में जिज्ञासा, सृजनात्मकता, वैज्ञानिक दृष्टिकोण, तार्किक चिंतन एवं समस्या-समाधान की क्षमता विकसित करने पर विशेष बल दिया जा रहा है। विद्यालय में गतिविधि आधारित, अनुभवात्मक एवं परियोजना आधारित अधिगम के माध्यम से विद्यार्थियों को सीखने के लिए सक्रिय अवसर प्रदान किए जाते हैं।
INSPIRE-MANAK
विद्यालय में INSPIRE-MANAK के माध्यम से विद्यार्थियों को अपने आसपास की समस्याओं को पहचानकर उनके अभिनव एवं उपयोगी समाधान खोजने के लिए प्रेरित किया जाता है। इससे विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार की भावना विकसित होती है।
विज्ञान प्रदर्शनी
विज्ञान प्रदर्शनी विद्यार्थियों को अपने वैज्ञानिक विचारों और प्रयोगों को मॉडल एवं परियोजनाओं के माध्यम से प्रस्तुत करने का अवसर प्रदान करती है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता, टीमवर्क और प्रस्तुतीकरण कौशल विकसित होते हैं।
IOQM – गणितीय प्रतिभा का विकास
गणित के प्रति रुचि और तार्किक क्षमता को बढ़ाने के लिए विद्यालय के विद्यार्थी Indian Olympiad Qualifier in Mathematics (IOQM) जैसी प्रतियोगिताओं में सहभागिता करते हैं। ऐसी गतिविधियाँ विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम से आगे बढ़कर तार्किक एवं रचनात्मक ढंग से समस्याओं को हल करने के लिए प्रेरित करती हैं।
तकनीक एवं समग्र अधिगम
विद्यालय में ICT एवं डिजिटल संसाधनों का उपयोग करते हुए शिक्षण को अधिक रोचक एवं प्रभावी बनाया जा रहा है। विभिन्न विषयों को आपस में जोड़कर विद्यार्थियों को अंतरविषयी एवं व्यावहारिक अधिगम के अवसर भी प्रदान किए जा रहे हैं।
विद्यालय का प्रयास है कि प्रत्येक विद्यार्थी को अपनी प्रतिभा पहचानने और उसे विकसित करने के पर्याप्त अवसर मिलें। INSPIRE-MANAK, विज्ञान प्रदर्शनी, IOQM, परियोजना कार्य एवं तकनीक आधारित शिक्षण इसी दिशा में किए जा रहे महत्वपूर्ण प्रयास हैं।
“जिज्ञासा से प्रश्न, प्रश्न से प्रयोग, प्रयोग से नवाचार और नवाचार से राष्ट्र निर्माण।”
केंद्रीय विद्यालय सीयूराज बांदरसिंदरी का संकल्प है कि विद्यार्थियों को ज्ञान के साथ-साथ रचनात्मक, आत्मविश्वासी, तार्किक एवं नवाचारी बनाकर भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार किया जाए।